मोहाली के फेज-1 में गौ भक्तों द्वारा घायल और बीमार गायों के लिए एक अस्पताल चलाया जा रहा है। सड़कों पर घूमने वाली गायें अक्सर सड़क हादसों में घायल हो जाती हैं या किसी बीमारी से पीड़ित हो जाती हैं, लेकिन उनके इलाज के लिए कोई आगे नहीं आता। ऐसे में जब गौ सेवकों को इन गायों के बारे में पता चलता है, तो वे तुरंत मौके पर पहुंचकर उन्हें अपनी सेवा गाड़ी में लेकर फेज-1 स्थित गौ अस्पताल में ले जाते हैं, जहां डॉक्टरों की देखरेख में उनका इलाज किया जाता है।
कई बार सड़कों के किनारे खुले पड़े खड्डों या कुओं में भी गायें गिर जाती हैं। गौ सेवक अपनी जान जोखिम में डालकर उन्हें बाहर निकालते हैं, उनका उपचार कराते हैं और फिर उन्हें गौशाला भेज देते हैं।
लेकिन दुख की बात यह है कि इस अस्पताल के पास अपनी कोई स्थायी जगह नहीं है। यह फिलहाल गमांडा की खाली पड़ी जमीन पर चल रहा है। अब गौ सेवकों ने सरकार और प्रशासन से अपील की है कि मोहाली में गौ अस्पताल के लिए उन्हें स्थायी जमीन आवंटित की जाए।